5. रोजगार एवं सेवाएँ ( लघु उत्तरीय प्रश्न )


1. ‘रोजगार और सेवा’ में क्या संबंध है ?

उत्तर :- रोजगार एवं सेवाओं से अभिप्राय उन बातों से है जिनसे कोई व्यक्ति अपने परिश्रम एवं शिक्षा के आधार पर जीविकोपार्जन के लिए धन एकत्र करता है। एकत्रित धन को जब पूँजी के रूप में व्यवहार करता है और उत्पादन के क्षेत्र में निवेश करता है तो सेवा क्षेत्र उत्पन्न होता है। अतः रोजगार एवं सेवाएँ एक दूसरे के पूरक हैं अर्थात् रोजगार वृद्धि से सेवा क्षेत्र का भी विस्तार होता है।


2. गैर-सरकारी सेवा किसे कहते हैं ?

उत्तर :- वे समस्त सेवाएँ जिनका संचालन निजी संगठन या कंपनियों के माध्यम से होता है, गैर-सरकारी सेवाएँ कहलाती हैं। उदाहरण—निजी बैंक, दूरसंचार सेवा, यातायात, पर्यटन इत्यादि सेवाएँ।


3. नागरिक सेवाएँ क्या हैं ?

उत्तर :- सामाजिक चेतना, सफाई, सामाजिक मान्यता का सम्मान नागरिक सेवाओं के अन्तर्गत आता है।


4. सरकारी सेवा क्षेत्र का क्या अभिप्राय है ?

उत्तर :- सेवा का वह क्षेत्र में जिसमें सरकार के द्वारा नियुक्त पदाधिकारी अथवा सरकारी संस्थाएँ कार्य करती हैं; सरकारी सेवा क्षेत्र कहलाती है। उदाहरण—सेना, रेलवे, डाकघर इत्यादि। .


5. वैश्वीकरण का प्रभाव सेवा क्षेत्र पर क्या पड़ा ?

उत्तर :- वश्वीकरण के बाद सेवा क्षेत्र में जो विकास की गति आई है उसका लाभ सभी देशों को प्राप्त होने का अवसर आने लगा है। आज विश्व के प्रमुख औद्योगिक राष्ट्र अपने उत्पाद एवं सेवाओं के विभिन्न कार्यों का संपादन वै में कराने लगे हैं जहाँ सस्ती श्रम-शक्ति उपलब्ध होती है।
उदाहरणतः इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं का अधिकांश उत्पादन चीन या कोरिया में हाता है। भारतीय कंपनी डाबर भी अपने उत्पाद का मूल्य कम करने के लिए नेपाल में कारखान खोल रखे हैं, जहाँ सस्ते श्रम उपलब्ध हैं।


6. सेवा क्षेत्र में शिक्षा की क्या भूमिका है ?

उत्तर :- सवा क्षेत्र में शिक्षा की भूमिका सर्वोपरि है। सेवा क्षेत्र में श्रमिकों की कुशलता शिक्षण प्रशिक्षण इत्यादि का सर्वाधिक महत्त्व है जो शिक्षा के प्रसार से ही संभव है। की सेवा और को प्रत्यक्ष रूप एक घातक में आ जाने हो जाएगी अमेरिका सहित और तकनीकी पर सरकार का
सेवा क्षेत्र के विकास के लिए र इस प्रकार हम कह सकते हैं कि सेवा क्षत्रक विकास लिए सबसे आवश्यकता है शिक्षा का प्रसार


7. सेवा क्षेत्र को किस प्रकार बाँटा गया है ?

उत्तर :- सेवा क्षेत्र को दो भागों में बाँटा गया है-प्रथम सरकारी से दूसरा गैर-सरकारी सेवा।


8. सेवा क्षेत्र पर वैशवीकरण का क्या प्रभाव पड़ा ?

उत्तर :- वैशवीकरण, निजीकरण एवं उदारीकरण ने सेवा क्षेत्र को प्रत्येक्षा रूप से प्रभावित किया। लोग दूसरे देश में जाकर रोजगार पा गए। इसका एक घातक पहलू यह भी है कि पूरी अर्थव्यवस्था देशों और अमीर लोगों के कब्जे में आ जाने की संभावना होगी श्रम बाजार पर श्रमिक संघटनों की भूमिका शून्य हो। तथा लोगों की सहभागिता धीरे-धीरे कम होती चली जाएगी।


9. आर्थिक विकास के मुख्यतः कितने क्षेत्र हैं ?

उत्तर :- आर्थिक विकास के मुख्यतः तीन क्षेत्र हैं

(i) कृषि क्षेत्र,
(ii) उद्योग क्षेत्र एवं
(iii) सेवा क्षेत्र।


10. विश्वव्यापी मंदी का शिकार भारत भी बना। कैसे ?

उत्तर :- विशव्यापी मंदी का शिकार भारत पर भी पड़ा क्योंकि अमेरिका विश्व के अनेक देशों में भारतीय कर्मचारियों की छंटनी प्रारंभ हो गई और बेरोजगारी एक सर्वव्यापी समस्या बन गई।


11. सार्वजनिक क्षेत्र क्या है ?

उत्तर :- सार्वजनिक क्षेत्र के अंतर्गत वे उद्योग आते हैं। जिन पर सर 179त्रण रहता है। इस क्षेत्र के उद्योग सरकार द्वारा संचालित एव नियंजित तथा सरकार ही उनका एकमात्र स्वामी होता है। इस प्रकार, राजकीय अथवा पर उपक्रमा के समह को सार्वजनिक क्षेत्र की संज्ञा दी जाती हैं। यह क्षेत्र र प्रक्रिया में लोक कल्याण को अधिक महत्व देता है।


12. सॉफ्टवेयर एवं हार्डवेयर में क्या अंतर है ?

उत्तर :- ये कंप्यूटर के दो मुख्य अंग हैं। सॉफ्टवेयर का प्रयोग कार्यक्रम आँकड़ों को इकट्ठा, नियंत्रण तथा संचित करने में होता है।
कंप्यूटर का वह भाग जिसे हम छू सकते हैं, हार्डवेयर कहलाता है जैसे बोर्ड, माउस इत्यादि।


13. सूचना प्रौद्योगिकी से जुड़े पाँच सेवा क्षेत्र को बताएँ ?

उत्तर :- कॉल सेंटर, कोर बैंकिंग प्रणाली; दूरसंचार, इंटरनेट, बी० पी० ओ० (बाह्य स्रोती) इत्यादि सूचना प्रौद्योगिकी से जुड़े पाँच सेवा क्षेत्र हैं।


14. मंदी का असर भारत में क्या पड़ा ?

उत्तर :- मंदी का असर भारत में कम पड़ा, परंतु सूचना-प्रौद्योगिकी एवं बाहा स्रोती में लगे तकनीकी वैज्ञानिकों के ऊपर सर्वाधिक असर देखने को मिला। विकसित देशों में कार्यरत इस क्षेत्र के कर्मचारियों की छंटनी शुरू हो गई और इस क्षेत्र से जडे लोगों में व्यापक बेरोजगारी की समस्या देखी गई। विदेशों में कार्यरत भारतीयों से प्राप्त आय की मात्रा भी घट गई।


15. आर्थिक संरचनाओं का क्या महत्त्व है ?

उत्तर :- आर्थिक संरचनाओं के अंतर्गत ही समस्त आर्थिक क्रियाकलाप संपन्न होते हैं। इन संरचनाओं के आधार पर हम किसी देश की प्रगति का आकलन कर सकते हैं। देश के सकल घरेलू उत्पाद, प्रतिव्यक्ति आय, वस्तुओं एवं सेवाओं की उपलब्धता ये समस्त प्रगति आर्थिक संरचनाओं पर ही आधारित हैं।


16. परिवार नियोजन का क्या अभिप्राय है ?

उत्तर :- परिवार नियोजन का अर्थ होता है परिवार के बच्चों की संख्या नियंत्रित एवं सीमित करना तथा माताओं एवं शिशुओं के स्वास्थ्य की देखभाल करना।


17. संचार सेवाओं के विकास में कंप्यूटर का क्या योगदान है ?

उत्तर :- संचार सेवाओं के विकास एवं प्रसार में कंप्यूटर का योगदान अत्यधिक महत्त्वपूर्ण है। कंप्यूटर एक स्वचालित मशीन है जिसके अनेक उपयोग है। आज दूरसंचार, परिवहन, विज्ञान, शिक्षा, चिकित्सा, संरक्षा, शोध एवं अनुसंधान आद क्षेत्र में कंप्यूटर का प्रयोग दिन-प्रतिदिन बढ़ रहा है। इससे इन सेवाओं के स्तर – सुधार हुआ है। कंप्यूटर के दो मुख्य अंग होते हैं सॉफ्टवेयर तथा हाडव कंप्यूटर सॉफ्टवेयर उद्योग श्रमप्रधान है तथा इसके उत्पादन में भारत विश्व का एक अग्रणी देश माना जाने लगा है। हमारे देश का बेंगलरु शहर सूचना-प्रौद्योगिका सॉफ्टवेयर का प्रतीक बन गया है। इस क्षेत्र में रोजगार की असीम सम्भावनाएं है


18 भारत विश्व के सेवा-प्रदाता के रूप में जाना जाता है,क्यो ?

उत्तर :- भारत, चीन के बाद दूसरी सबसे बड़ी जनसंख्या वाला देश है भारत मानव संसाधन के रूप में सबसे धनी है। भारतीय इंजीनियर, डॉक्टर इत्यादि के रूप में विश्व स्तर पर कार्यरत हैं। बाह्य-स्रोती कार्यों में सबसे अधिक भारतीय ही शामिल हैं। यही कारण है कि भारत विश्व के सेवा प्रदाता के रूप में जाना जाता है।


19. मानव पूँजी के प्रमुख घटक कौन से हैं ?

मानव पूँजी के प्रमुख घटक हैं – भोजन की व्यवस्था, वस्त्र की उपलब्धता, आवास, बेहतर स्वास्थ्य एवं शिक्षा की सुविधा। ये सभी मानव विकास हेतु अत्यंत आवश्यक हैं।


20. भारत भविष्य का सबसे बडा सेवा प्रदाता देश है, कैसे ?

उत्तर :- भारत विश्व की दूसरी सबसे बडी जनसंख्या वाला देश है।जहाँ विश्व के अन्य देशों की जनसंख्या बुढ़ापा की ओर बढ़ रही है। भारतीय जनसंख्या युवावस्था की ओर अर्थात् आने वाले समय में भारत ही सबसे बड़ा सेवा प्रदात्ता होगा।


Geography ( भूगोल ) लघु उत्तरीय प्रश्न 

1 भारत : संसाधन एवं उपयोग
2 कृषि ( लघु उत्तरीय प्रश्न )
3 निर्माण उद्योग ( लघु उत्तरीय प्रश्न )
4 परिवहन, संचार एवं व्यापार
5 बिहार : कृषि एवं वन संसाधन
6 मानचित्र अध्ययन ( लघु उत्तरीय प्रश्न )

History ( इतिहास ) लघु उत्तरीय प्रश्न 

1 यूरोप में राष्ट्रवाद
2 समाजवाद एवं साम्यवाद
3 हिंद-चीन में राष्ट्रवादी आंदोलन
4 भारत में राष्ट्रवाद 
5 अर्थव्यवस्था और आजीविका
6 शहरीकरण एवं शहरी जीवन
7 व्यापार और भूमंडलीकरण
8 प्रेस-संस्कृति एवं राष्ट्रवाद

Political Science  लघु उत्तरीय प्रश्न 

1 लोकतंत्र में सत्ता की साझेदारी
2 सत्ता में साझेदारी की कार्यप्रणाली
3 लोकतंत्र में प्रतिस्पर्धा एवं संघर्ष
4 लोकतंत्र की उपलब्धियाँ
5 लोकतंत्र की चुनौतियाँ

Economics ( अर्थशास्त्र ) लघु उत्तरीय प्रश्न

1 अर्थव्यवस्था एवं इसके विकास का इतिहास
2 राज्य एवं राष्ट्र की आय
3 मुद्रा, बचत एवं साख
4 हमारी वित्तीय संस्थाएँ
5 रोजगार एवं सेवाएँ
6 वैश्वीकरण ( लघु उत्तरीय प्रश्न )
7 उपभोक्ता जागरण एवं संरक्षण

Aapda Prabandhan Subjective 2022

  1 प्राकृतिक आपदा : एक परिचय

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept